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Uttar Pradesh

रायबरेली में आप MLA सोमनाथ भारती पर युवक ने फेंकी स्याही,पुलिस ने सोमनाथ को किया Arrest

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Young man threw ink at AAP MLA in Rae Bareli, Amethi police arrested Somnath
रायबरेली, देशज न्यूज। दिल्ली सरकार के पूर्व मंत्री और आम आदमी पार्टी (आप) के विधायक सोमनाथ भारती पर सोमवार को एक युवक ने काली स्याही फेंक दी। इससे गुस्साए विधायक ने युवक को अपशब्द कहते हुए दौड़ा लिया। हालांकि इसी बीच एक पुराने मामले में अमेठी पुलिस उन्हें गिरफ्तार कर (Young man threw ink at AAP MLA in Rae Bareli, Amethi police arrested Somnath) अपने साथ ले गई।
  दरअसल, आप विधायक सोमनाथ भारती को 2022 के विधानसभा चुनाव के लिए रायबरेली और अमेठी का संयोजक बनाया गया है, इसी सिलसिले में वह रायबरेली आये थे।
  सोमवार की सुबह जब वह सिंचाई विभाग के गेस्टहाउस से क्षेत्र में बाहर जाने के लिए निकले तभी एक युवक ने उनके ऊपर काली स्याही फेंक दी। युवक ने जब स्याही फेंकी तो उस दौरान कुछ पुलिसकर्मी भी वहां मौजूद थे। स्याही फेंकने से नाराज विधायक ने युवक को अपशब्द कहते हुए दौड़ा लिया। विधायक ने इसे भाजपा की कारस्तानी बताते हुए इसे योगी सरकार का एजेंडा बताया।
  उन्होंने कहा कि उन्हें डराने व धमकाने की कोशिश की जा रही है जिससे वह झुकने वाले नहीं है। इस घटना के पीछे शनिवार को अमेठी में उनके दिए गए बयान को माना जा रहा है जिसमें उन्होंने (Young man threw ink at AAP MLA in Rae Bareli, Amethi police arrested Somnath)  कहा था कि ‘यूपी के अस्पतालों में कुत्ते के बच्चे पैदा होते हैं।’
  स्याही फेंकने की घटना के बाद मौके पर पुलिस उपाधीक्षक अंजनी कुमार चतुर्वेदी पहुंचे और विधायक से बात की। उन्होंने कहा कि युवक की पहचान की जा रही है, जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। हालांकि इसी बीच एक नया मोड़ तब आया जब गेस्ट हाउस में मौजूद विधायक पुलिस से बात कर रहे थे तभी अमेठी पुलिस (Young man threw ink at AAP MLA in Rae Bareli, Amethi police arrested Somnath)  वहां पहुंच गई और अमेठी में दर्ज मुकदमे के आधार पर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस विधायक को अपने साथ अमेठी ले गई है।

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Uttar Pradesh

कुंभ मेले में व्यवस्था से नाराज बैरागी संतों ने की अखाड़ा परिषद अध्यक्ष से मुलाकात, सरकार की तैयारियों से नाखुश दिखे नरेंद्र गिरी

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कुंभ मेले में व्यवस्था से नाराज बैरागी संतों ने की अखाड़ा परिषद अध्यक्ष से मुलाकात, सरकार की तैयारियों से नाखुश दिखे नरेंद्र गिरी
हरिद्वार,। नाराज चल रहे बैरागी अखाड़ों के संतों ने आज अखाड़ा परिषद अध्यक्ष से मुलाकात की। इस दौरान बैरागी संतों ने अपनी उपेक्षा को लेकर नाराजगी व्यक्त की।सू त्रों के अनुसार बंद कमरे में हुई वार्ता के बाद भी नाराजगी दूर नहीं हो पायी है।
अखाड़ा परिषद अध्यक्ष श्रीमहंत नरेंद्र गिरी का कहना है कि बैरागी अखाड़ों के संतों ने कुंभ मेले में व्यवस्था न होने के संबंध में जानकारी दी है। जिसको देखते हुए बैरागी संतों की नाराजगी जायज है। उन्होंने कहा कि बैरागी अखाड़ों के लिए मेला प्रशासन ने टेंट, बिजली, पानी की कोई व्यवस्था नहीं की गई है। उन्होंने कहाकि इस संबंध में सरकार से वार्ता की जाएगी और अखाड़ा परिषद की शीघ्र ही बैठक बुलायी जाएगी। जिसमें सभी 13 अखाड़े विचार विमर्श करेंगे। उन्होंनेे कहा कि अभी तक हुए कार्यों से वह संतुष्ट नहीं हैं। कुंभ मेले की तैयारी को लेकर बैरागी अखाड़ों के साधु संत असमंजस में हैं।
इस मौके पर नरेंद्र गिरी ने राज्य सरकार के कुंभ मेले को सीमित किए जाने पर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि कुंभ मेले के शाही स्नान की घोषणा मुख्यमंत्री और अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के द्वारा की गई थी, जिसमे कुंभ के चार शाही स्नान की घोषणा की गई थी। यह बैठक कोरोना महामारी के वक्त हुई थी। लेकिन अब कुंभ की अवधि कम कर दी गई है लेकिन इस संबंध में सरकार ने अखाड़ा परिषद से कोई वार्ता नहीं की गई। उन्होंने कहाकि सरकार अपनी कमियां छुपाने के लिए कोरोना का बहाना कर रही है। कुंभ मेले को लेकर सरकार अपने निर्णय को हमारे ऊपर थोप रही है। हम उसको मानने के लिए तैयार नहीं है क्योंकि सरकार द्वारा इस संबंध में परिषद से कोई भी राय नहीं ली गई है।
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Bihar

लखनऊ-छपरा स्पेशल ट्रेन का संचालन 01 मार्च से, 05083 छपरा-फर्रुखाबाद स्पेशल ट्रेन का संचालन 02 मार्च से, यात्रियों को मिलेगी राहत

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Railway news Lucknow
लखनऊ। रेलवे प्रशासन लखनऊ जंक्शन से छपरा के लिए 05054 स्पेशल ट्रेन का संचालन 01 मार्च से करने जा रहा है। इसके अलावा लखनऊ होकर 05083 छपरा-फर्रुखाबाद स्पेशल ट्रेन का संचालन 02 मार्च से किया जाएगा। इससे होली के त्योहार पर यात्रियों को राहत मिलेगी।
रेलवे प्रशासन के मुताबिक, 05054 लखनऊ-छपरा स्पेशल ट्रेन का संचालन एक मार्च से सप्ताह में चार दिन प्रत्येक सोमवार, मंगलवार, शुक्रवार और शनिवार को किया जाएगा। यह स्पेशल ट्रेन लखनऊ जंक्शन से रात 09 बजे प्रस्थान कर बादशाह नगर, गोमती नगर, अयोध्या, जौनपुर, वाराणसी, गाजीपुर होते हुए अगले दिन सुबह 11:20 बजे छपरा स्टेशन पर पहुंचेगी। वापसी में 05053 छपरा-लखनऊ स्पेशल ट्रेन का संचालन चार मार्च से प्रत्येक सोमवार, गुरूवार, शुक्रवार और शनिवार को किया जाएगा। यह स्पेशल ट्रेन छपरा जंक्शन से शाम को 7:35 बजे प्रस्थान कर युसुफपुर, गाजीपुर, वाराणसी, जौनपुर, अयोध्या Railway news Lucknow होते हुए सुबह 8 :45 बजे लखनऊ पहुंचेगी।
इसके अलावा 05083 छपरा-फर्रुखाबाद स्पेशल ट्रेन का संचालन लखनऊ होते हुए दो मार्च से किया जाएगा। यह स्पेशल ट्रेन छपरा से सप्ताह में तीन दिन हर मंगलवार, बुधवार और शनिवार शाम 06 बजे चलेगी। ट्रेन आजमगढ़, बादशाह नगर, लखनऊ सिटी होते हुए ऐशबाग आएगी। यहां से सुबह 07:40 बजे छूटकर दोपहर 12:20 बजे फर्रुखाबाद पहुंचेगी। Railway news Lucknow वापसी में 05084 फर्रुखाबाद- छपरा स्पेशल ट्रेन तीन मार्च से हर बुधवार, गुरुवार और रविवार को फर्रुखाबाद स्टेशन से दोपहर 2:35 बजे चलेगी। यह स्पेशल ट्रेन शाम 7:40 बजे ऐशबाग, लखनऊ सिटी, बादशाह नगर और आजमगढ़ होते हुए अगली सुबह 08:35 बजे छपरा पहुंचेगी।
मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पंकज कुमार ने सोमवार को बताया कि रेलवे प्रशासन ने अप-डाउन में लखनऊ-छपरा-लखनऊ और छपरा-फर्रुखाबाद-छपरा स्पेशल ट्रेन के संचालन केे लिए शेड्यूल जारी कर दिया है। दोनों ट्रेनों में सभी कोच आरक्षित श्रेणी के होंगे। कोविड-19 नियमों का पालन करते हुए इन स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि कोरोना संक्रमण की वजह से पिछले कई महीनों से दोनों Railway news Lucknow ट्रेनों का संचालन नहीं हो रहा है। इन दोनों ट्रेनों का संचालन मार्च में शुरू होने से यात्रियों को होली के त्योहार पर वेटिंग से राहत मिलेगी।
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Uttar Pradesh

राममंदिर निर्माण में चंदा देने पर प्रदेश उपाध्यक्ष को कांग्रेस ने दिखाया बाहर का रास्ता, समर्थक भी स्तब्ध

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Congress showed the way out to the state vice president

आजमगढ़। राममंदिर निर्माण के लिए समर्पण निधि एकत्र किया जा रहा है। देश-दुनिया से लोग अपनी श्रद्धा-भक्ति के अनुसार निधि समर्पण कर रहे। लेकिन कांग्रेस के एक नेता को राममंदिर के ​लिए चंदा देना महंगा पड़ गया है। पार्टी ने उन्हें पद से हटा दिया है। पार्टी द्वारा की गई कार्रवाई से समर्थक भी स्तब्ध हैं।

दरअसल कांग्रेस पार्टी के अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ के प्रदेश उपाध्यक्ष व पूर्वांचल प्रभारी पंकज मोहन सोनकर ने बीते 29 जनवरी को राममंदिर निर्माण के लिए 51 हजार रुपये दिए थे। मंदिर निर्माण में चंदा देने की खबर जैसे ही पार्टी के आला अधिकारियों को लगी, इसका विरोध होना शुरू हो गया। श्री सोनकर के मोबाइल पर वरिष्ठ नेताओं का फोन आने लगा। सभी कांग्रेस नेताओं का यही कहना था कि आखिर आरएसएस के माध्यम से समर्पण राशि क्यों दी। ऐसा नहीं करना चाहिए था। विवाद इतना बढ़ गया कि श्री पंकज को कांग्रेस ने पार्टी उनका पद ही छीन लिया।

पद से हटाये जाने के बाद पंकज मोहन सोनकर ने कहा कि भगवान राम के प्रति उनकी आस्था है। पार्टी को आपत्ति नहीं होनी चाहिए। नगर के हरबंशपुर मोहल्ला निवासी पंकज मोहन सोनकर काफी लंबे समय से कांग्रेस की राजनीति कर रहे हैं। पार्टी ने इन्हें युवा कांग्रेस का अध्यक्ष व लालगंज का प्रभारी बनाया था।

वर्ष 2019 में जब पार्टी ने इन्हें आजमगढ़ जिले के लालगंज सुरक्षित लोकसभा क्षेत्र से प्रत्याशी बनाया तो इनका कद और बढ़ गया। समाजवादी पार्टी और बहुजन समाजवादी पार्टी के गठबंधन में पंकज मोहन सोनकर को हार का सामना करना पड़ा था। इसके बाद पार्टी ने इन्हें अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ का प्रदेश उपाध्यक्ष बनाने के साथ ही पूर्वांचल प्रभारी की भी जिम्मेदारी सौंप दिया।

श्री पंकज ने बताया कि बुधवार की रात पार्टी मुख्यालय से मेल आया कि निस्कृयता के कारण उन्हें पद से हटा दिया गया है। पंकज का दावा है कि निष्कृयता का आरोप पूरी तरह निराधार है। वह पार्टी के सभी कार्यक्रमों में बढ़ चढ़कर हिस्सा लेते रहे हैं। वे 23 व 26 जनवरी को पार्टी के कार्यक्रम में रहे।

उन्होंने कहा कि एक तरफ कांग्रेस राजीव गांधी के द्वारा मंदिर का ताला खोलने की बात कहकर मंदिर निर्माण का श्रेय लेने की कोशिश कर रही है। प्रियंका गांधी मौनी आमवस्या को संगम में स्नान कर रही हैं और राहुल गांधी खुद को शिवभक्त बताते फिर रहे हैं। वहीं, उन्हें सिर्फ पद से इसलिए हटा दिया गया कि मंदिर निर्माण में चंदा दे दिया।

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